Varanàsi : सबकी नीयत साफ नहीं होती” – साइबर सुरक्षा के लिए वाराणसी पुलिस और पिरामल फाइनेंस की नई पहल

वाराणसी रिपोर्टर शेखर पाण्डेय
वाराणसी, 18 दिसंबर, 2024 – वाराणसी पुलिस और पिरामल कैपिटल एंड हाउसिंग फाइनेंस लिमिटेड (पिरामल फाइनेंस) ने मिलकर साइबर धोखाधड़ी के बढ़ते खतरे से निपटने के लिए एक नई पहल “सबकी नीयत साफ नहीं होती” शुरू की है। डिजिटल लेन-देन में तेजी के साथ साइबर अपराधों में बढ़ोतरी को ध्यान में रखते हुए यह जागरूकता अभियान वाराणसी और देशभर के लोगों को वित्तीय सुरक्षा के प्रति जागरूक करने पर केंद्रित है।
इस पहल का उद्देश्य नागरिकों को सामान्य साइबर खतरों के बारे में जानकारी देना, उन्हें सतर्क करना और संभावित धोखाधड़ी से बचाव के तरीके सिखाना है। अभियान के तहत नुक्कड़ नाटकों, सोशल मीडिया अभियानों, वीडियो, बैनर, पोस्टर और अन्य गतिविधियों के माध्यम से जागरूकता फैलाई जाएगी।
अभियान का उद्घाटन वाराणसी पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल, संभागीय आयुक्त कौशल राज, डीसीपी (क्राइम) प्रमोद कुमार, और एडीसीपी (क्राइम) श्रुति श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर पिरामल फाइनेंस के मुख्य संचालन अधिकारी सुनीत मदान और मार्केटिंग हेड अरविंद अय्यर भी उपस्थित थे।
मुख्य वक्तव्य:
- पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल ने कहा, “डिजिटल लेन-देन ने हमारे जीवन को सुविधाजनक बनाया है, लेकिन इसके साथ जोखिम भी बढ़े हैं। इस पहल के जरिए हमारा उद्देश्य लोगों को साइबर खतरों के प्रति जागरूक बनाना और डिजिटल सुरक्षा को बढ़ावा देना है।”
- संभागीय आयुक्त कौशल राज ने कहा, “साइबर सुरक्षा जागरूकता न केवल एक एहतियात है, बल्कि एक जरूरत है। यह पहल हमारे नागरिकों को डिजिटल धोखाधड़ी के खतरों से बचाने के लिए तैयार करेगी।”
- डीसीपी प्रमोद कुमार ने कहा, “डिजिटल दुनिया में सतर्कता की संस्कृति को बढ़ावा देकर हम समाज को सुरक्षित बना सकते हैं।”
- एडीसीपी श्रुति श्रीवास्तव ने कहा, “यह पहल वाराणसी के हर नागरिक को डिजिटल जोखिमों से निपटने के लिए सशक्त बनाएगी।”
पिरामल फाइनेंस के अधिकारी:
- सुनीत मदान ने कहा, “भारत में बढ़ते इंटरनेट उपयोग के बीच साइबर जागरूकता बेहद जरूरी है। यह पहल नागरिकों को सुरक्षित डिजिटल अनुभव देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।”
- अरविंद अय्यर ने कहा, “हमारा लक्ष्य नागरिकों को साइबर खतरों के प्रति सतर्क करना और सुरक्षित डिजिटल समुदाय बनाना है।”
यह अभियान 10 दिनों तक वाराणसी के विभिन्न स्थानों पर चलेगा और इसी तरह की पहल गुजरात और उत्तर प्रदेश के अन्य प्रमुख शहरों में भी शुरू की गई है।