Varanasi News: कैंट पुलिस व एसओजी टीम को मिली बड़ी कामयाबी ,वरुणा गार्डन के फ्लैटों में हुई चोरियों का किया खुलासा ,चोरी गये आभूषण किया बरामद ,पुलिस टीम हुए पुरस्कृत

वाराणसी । पुलिस आयुक्त के द्वारा चोरी लूट की घटनाओ के सफल अनावरण एवं वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु चलाये जा रहे अभियान के तहत पुलिस उपायुक्त वरुणा जोन के निर्देशन में अपर पुलिस उपायुक्त वरुणा जोन के पर्यवेक्षण में एवं सहायक पुलिस आयुक्त कैण्ट के नेतृत्व में इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य व मुखबिर की सहायता से थाना कैण्ट व एसओजी एवम सर्विलांस की संयुक्त पुलिस टीम द्वारा धारा 457,380 भा०द०वि० बढ़ोत्तरी धारा 41। भादवि०धारा 380 भा०द०वि० बढ़ोत्तरी धारा 457,411 भा०द०वि० व धारा 380 भा०द०वि० व बढ़ोत्तरी धारा 457,411 भा०द०वि० से संबंधित वांछित शातिर अभियुक्त आशीष रावत पुत्र भरत लाल रावत निवासी कुआर बाजार थाना फूलपुर जनपद वाराणसी को इमलिया घाट फुलवरिया थाना कैण्ट से-25 मार्च को समय करीब 21.30 बजे गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने अभियुक्त के कब्जे से चोरी गये आभूषण व घटना में प्रयुक्त विभिन्न औजार को बरामद कर थाना कैण्ट पुलिस द्वारा आवश्यक विधिक कार्यवाही की जा रही है। सराहनीय कार्य करने वाली पुलिस टीम को पुलिस उपायुक्त वरुणा जोन द्वारा 10,000/-60 इनाम की घोषणा की गयी। बता दे की दिनांक 15.07.2023 को वादी श्री राजकुमार सिंह पुत्र स्व० नरसिंह सिंह निवासी फ्लैट न0 301 ब्लाक ए वरुणा ग्रार्डेन सिकरौल थाना कैण्ट जिला वाराणसी द्वारा तहरीर दी गयी कि अज्ञात चोरों द्वारा वादी के घर का ताला तोड़कर पत्नी का जेवरात व नगद करीब 17 लाख रुपये चोरी कर लिया गया जिसके आधार पर थाना कैण्ट में मु0अ0सं0 318/23 धारा 457,380 भा.द.वि. पंजीकृत किया गया, जिसकी विवचना उ0नि0 श्री पवन कुमार पाठक द्वारा की जा रही है। वही दूसरी ओर दिनांक 02.02.2024 को वादिनी श्रीमती चन्द्रकला पत्नी अरबिन्द सिंह यादव निवासी फ्लैट नं0-705 वरुणा गार्डन कैण्ट वाराणसी स्थायी पता सरस्वती नगर बारा गहमर जनपद गाजीपुर द्वारा तहरीर दी गयी कि अज्ञात व्यक्ति द्वारा वादिनी के फ्लैट का ताला तोड़कर आलमारी में रखे सोने के आभूषण व सिक्के तथा मोबाइल आदि चोरी कर लिया गया जिसके आधार पर थाना कैण्ट में मु0अ0सं0-38/2024 धारा 380 भा.द.वि. पंजीकृत किया गया, जिसकी विवेचना उ0नि0 श्री पवन कुमार पाठक द्वारा की जा रही है। इसी क्रम दिनांक 04.02.2024 को वादी श्री भूपेन्द्र नाथ सिंह पुत्र स्व० रामनारायण सिंह निवासी फ्लैट न0-202 ब्लाक बी वरुणा गार्डन थाना कैण्ट जनपद वाराणसी द्वारा तहरीर दिया गया कि अज्ञात व्यक्ति द्वारा वादी के फ्लैट का ताला तोड़कर आलमारी मे रखे सोने के आभूषण आदि चोरी कर लिया गया जिसके आधार पर थाना कैण्ट में धारा 380 भा.द.वि. था पंजीकृत किया गया, जिसकी विवेचना उ0नि0 श्री पवन कुमार पाठक द्वारा की जा रही है। पूछताछ के दौरान अभियुक्त आशीष रावत ने बताया कि मैं यही बनारस फूलपुर का रहने वाला हूँ और कुछ सालों से दिल्ली में रह कर यूपीएससी की तैयारी चाणक्य कोचिंग में कर रहा हूँ। वहाँ रहते हुए मेरी संगत गलत हो गयी थी, जिससे मेरे खर्चे व शौक भी गलत हो गये थे, उनकी पूर्ति के लिए में चोरी करने लगा। मैं सिकरौल के पास स्थित वरुणा गार्डन अपार्टमेन्ट जिसमें मेरे रिश्तेदार राजेन्द्र वारी का फ्लैट है जो महाराष्ट्र में रहते हैं, जब वह बाहर जाते थे तो अपने फ्लैट की चाबी वो मुझे दे जाते थे। मैं रात में घूमने-टहलने के बहाने जाकर पहले बन्द फ्लैटों की रेकी करता था फिर मौका देखकर अलग-अलग ब्लॉक में जाकर जिस फ्लैट के अन्दर की लाइट नही जल रही होती थी, उसके दरवाजे पर लगी घण्टी बजाकर देखता था, जब काफी देर तक कोई दरवाजा नहीं खोलता तो मुझे पता चल जाता कि इस प्लैट में कोई नही है। उसके बाद मैं अपने पास मौजूद लोहे की राड व अन्य औजार की सहायता से दरवाजे को चांढकर खोल लेता था और अंदर घुसकर सारे घर की तलाशी लेकर ज्यादातर सोने के गहने, रुपये जो भी मिलता था उसे चुराकर मौका पाकर निकल जाता था। नीचे गार्ड के पूछने पर उन्हे अपने रिश्तेदार राजेन्द्र वारी का नाम व उनका फ्लैट नम्बर ए 803 बता देता था कि उसमें मेरे रिश्तेदार रहते हैं। कुछ सामान मैने मेरी माँ व पिता की मृत्यु हो जाने के बाद उनका गहना बताकर स्थानीय बाजार मे बेच दिया था, जब में अपनी माँ के गहने बताकर बेंचता था तो अपने दोस्त राजू जो मेरे गांव का ही रहने वाला था उसी भी ले गया था, उसका रुपया उन्होने मुझे धीरे-धीरे मेरे खाते में ही दिया था व कुछ रुपया यारी दोस्ती व शराब पीने-खाने, अय्याशी व घूमने-फिरने में खर्च कर दिया तथा शेष जो बचा है वह मेरे खाते में ही है। चोरी करने के बाद मैं चोरी के कुछ गहने दिल्ली आते-जाते समय ट्रेन में राहगीरों को दिखाकर व मजबूरी बताकर बेच देता था। मैंने कुछ सामान को पहले ही राहगीरों को बेच दिया था व कुछ गहनों को मैने गला दिया है ताकी बेचने में आसानी हो, बाकी कुछ गहने अभी बचें हैं जो इस झोले में हैं। पुलिस ने अभियुक्त के कब्जे से एक अदद ज्योतिया मय धागा ,एक अदद पीली धातु की रॉड 2 3- दो कड़े पीली धातु के मोती लगे हुये एक अदद क़ड़ा पीली धातु ,दो नाक की नथुनी वास्तु धातु ,दो अदद मंगलसूत्र पीली धातु , एक अदद टूटी हुई मंगल सूत्र की चैन पीली धातु ,एक अदद पीली धातु का झुमका 9- एक अदद पीली धातु की पायल ,एक अदद पीली धातु का बड़ा लॉकेट ,एक अदद पीली धातु का छोटा लॉकेट ,एक अदद पीली धातु का माँग टीका , एक अदद पीली धातु की अंगूठी हीरा जड़ित ,एक जोड़ी पीली धातु के कान के टॉव्स ,एक अदद पीली धातु का लॉकेट ,एक अदद पीली धातु की नोज पिन ,चार अदद पीली धातु की नोज पिन, चार अदद पीली धातु के मोती ,गलाने का एक पात्र दीपकनुमा व एक अदद लोहे की छोटी राड, एक प्लास, एक अदद बड़ा पेचकश, एक अदद छोटा पेचकश, एक अदद लोहे का पाना, एक अदद लोहे का तार बरामद किया है ।
गिरफ्तारी करने वाली पुलिस टीम अजय राज वर्मा थाना कैण्ट
प्रभारी निरीक्षक ,उ0नि0 पवन कुमार पाठक, उ0नि0 आयुष पाण्डेय उ०नि० आशीष श्रीवास्तव हे0का0 बृजबिहारी ओझा का0 सचिन मिश्रा का0 अमित कुमार एसओजी टीम-
उ0नि) मनीष मिश्रा (प्रभारी)
उ0नि0 गौरव कुमार सिंह का0 रमाशंकर यादव का0 आलोक कुमार मौर्या का0 अंकित मिश्रा
का0 प्रेमशंकर पटेल ,सर्विलांस सेल-हे0का0 दिवाकर चत्स आरक्षी मनीष कुमार हे0का0 संतोष पासवान शामिल रहे ।



