66 से घटकर 26 हुए वेंडिंग जोन, फेरी-पटरी कारोबारियों ने जताई नाराजगी; नगर निगम को सौंपा ज्ञापन

Shekhar pandey
वाराणसी। शहर के विस्तार के साथ नगर निगम सीमा क्षेत्र में जोन की संख्या पांच से बढ़कर आठ हो गई है, लेकिन दूसरी ओर वेंडिंग जोन की संख्या 66 से घटकर 26 किए जाने को लेकर फेरी-पटरी कारोबारियों ने सवाल उठाए हैं। इसी मुद्दे को लेकर राष्ट्रीय फेरी पटरी ठेला व्यवसायी महासंघ की ओर से संबंधित अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर वेंडिंग जोन की संख्या बढ़ाने सहित कई मांगें उठाई गईं।
ज्ञापन में कहा गया कि शहर के विस्तार के बावजूद स्ट्रीट वेंडर्स के लिए निर्धारित स्थानों में कमी किया जाना चिंता का विषय है। महासंघ ने इसे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री की अंत्योदय की परिकल्पना के विपरीत बताते हुए स्ट्रीट वेंडर्स के हित में ठोस कदम उठाने की मांग की।

ज्ञापन में चौकाघाट-लहरतारा फ्लाईओवर के नीचे बने नाइट मार्केट का भी मुद्दा उठाया गया। महासंघ का आरोप है कि करीब 10 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किए गए नाइट मार्केट में स्ट्रीट वेंडर्स को बसाने को लेकर पूर्व नगर आयुक्त की ओर से लिखित आश्वासन दिया गया था, लेकिन अब तक इस दिशा में अपेक्षित कार्रवाई नहीं हुई।
इसके अलावा हवेलियां तिराहे पर वेंडिंग जोन हटाकर बनाए गए स्ट्रीट फूड हब को लेकर भी सवाल उठाए गए। महासंघ ने आरोप लगाया कि वहां दुकानों का आवंटन मनमाने तरीके से और मोटी रकम लेकर किया गया। मांग की गई कि आवंटन की समीक्षा कर वास्तविक स्ट्रीट वेंडर्स के लिए वहां दोबारा वेंडिंग जोन विकसित किया जाए।
महासंघ ने दशाश्वमेध क्षेत्र में पारंपरिक स्ट्रीट वेंडर्स को पूर्व की तरह व्यवसाय करने की अनुमति देने की मांग भी की। साथ ही शहर में स्ट्रीट वेंडर्स के खिलाफ प्रतिदिन होने वाले कथित पुलिस उत्पीड़न पर तत्काल रोक लगाने की मांग रखी गई।
ज्ञापन में नगर निगम सीमा क्षेत्र के प्रत्येक सभासद वार्ड में कम से कम दो वेंडिंग जोन बनाए जाने की मांग की गई। महासंघ ने कहा कि स्ट्रीट वेंडर्स को व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराने से रोजगार के साथ-साथ शहर में व्यवस्था बनाए रखने में भी मदद मिलेगी।
अंत में महासंघ ने मांगों पर चर्चा के लिए टाउन वेंडिंग कमेटी की बैठक तत्काल बुलाकर उचित निर्णय लेने का अनुरोध किया। साथ ही चेतावनी दी गई कि यदि मांगों पर कार्रवाई नहीं हुई तो राष्ट्रीय फेरी पटरी ठेला व्यवसायी महासंघ आंदोलन करने के लिए बाध्य होगा।







